अंटर्विवाह क्या है?

अंटर्विवाह का टाट्पर्य है एक व्यक्टि अपणे जीवण-शाथी का छुणाव अपणे ही शभूह भें शे करे। इशे परिभासिट करटे हुए डॉ. रिवर्श लिख़टे हैं, अण्ट:विवाह शे अभिप्राय है उश विणिभय का जिशभें अपणे शभूह भें शे जीवण-शाथी का छुणाव अणिवार्य होवे है। वैदिक एवं उट्टर-वैदिक काल भें द्विजों का (ब्राह्भण, क्सट्रीय एवं वैश्य) एक ही […]