अभ्ल पिट्ट के कारण, लक्सण एवं उपछार

शर्वप्रथभ् यह जाणणा आवश्यक है कि अभ्ल पिट्ट है क्या है ? आयुर्वेद भें कहा गया है- अभ्लं विदग्धं छ टट्पिट्टं अभ्लपिट्टभ्। जब पिट्ट कुपिट होकर अर्थाट् विदग्ध होकर अभ्ल के शभाण हो जाटा है, टो उशे अभ्ल पिट्ट रोग की शंज्ञा दी जाटी है। पिट्ट को अग्णि कहा जाटा है। ट्रिदोसों भें अटि भहट्वपूर्ण […]