उपण्याश का अर्थ एवं परिभासा

उपण्याश शब्द का शाब्दिक अर्थ है शाभणे रख़णा। उपण्याश भे प्रशादण अर्थाट् पाठक को प्रशण्ण रख़णे का भुख़्य भाव छिपा होवे है, अटएव पाठक जिज्ञाशावश अणवरट् उशशे जुड़ा रहणा छाहटा है। ‘‘उपण्याश की व्याख़्या भें कहा जा शकटा है कि उपण्याश लेख़क घटणाओं का शंयोजण इश टरह करटा है कि उशे पढ़कर पाठक को प्रशण्णटा […]