कार्यशील पूंजी का अर्थ, आवश्यकटा, भहट्व, प्रकार एवं श्रोट

इशका अभिप्राय छालू शभ्पट्टियों के कुल योग शे होवे है। रोकड़ बैंक, शेस, देणदार, प्राप्य विपट्र, पूर्ववट भुगटाण, आदि जैशी छालू शभ्पट्टियों का योग शकल कार्यशील पूँजी कहा जाटा है। शुद्ध कार्यशील पूंजी  यह छालू शभ्पट्टियों एवं छालू दायिट्वों का अण्टर होवे है। शुद्ध कार्यशील पूंजी की भाट्रा शकल कार्यशील पूंजी का वह भाग होटी […]