Category Archives: छंद

छंद के प्रकार और उदाहरण

कारज धीरे होत है, काहे होत अधीर।  समय पाय तरूवर फरै, केतक सींचो नीर ।। 3. सोरठा – सोरठा अर्धसममात्रिक छंद है। यह दोहे का विपरीत होता है। इसके विषम चरणों (पहले और तीसरे) में 11, 11 मात्राएं तथा समचरणों (दूसरे और चौथे) में 13- 13 मात्राएं होती है। विषम चरणों के अन्त में तुक… Read More »