Category Archives: बजट

बजट का अर्थ ,परिभाषा एवं घटक

बजट का अर्थ बजट शब्द फ्रेंच  शब्द बजटे (Baugatte) से लिया गया है जिसका आशय एक छोटे से थैले से है। इस प्रकार बजट सरकार की आय एवं व्ययों का एक आथिर्क विवरण है। भारतीय संविधान के अनुसार- ‘वार्षिक वित्तीय विवरण’ को लोक सभा तथा राज्य सभा के सम्मुख प्रस्ततु करना चाहिए। संविधान में बजट… Read More »

निष्पादन बजट क्या है?

निष्पादन बजटिंग का तात्पर्य ऐसी बजट प्रक्रिया से है जिसके अन्तर्गत बजट में शामिल कार्यक्रमों तथा योजनाओं का क्रियान्वयन इस प्रकार से किया जाय ताकि अपेक्षित तथा वास्तविक निष्पादन के मध्य कम से कम अन्तर हो तथा परियोजनाओं का क्रियान्वयन इष्टतम स्तर पर हो सके। इसके लिये यह अत्यन्त आवश्यक हो जाता है कि बजट… Read More »

शून्य आधार बजट क्या है?

शून्य आधार बजट ऐसी नियोजन एवं बजट प्रक्रिया है जिसमें यह अपेक्षा की जाती है कि प्रत्येक प्रबन्धक को शून्य आधार से अपनी सम्पूर्ण बजट माँग को विस्तारपूर्वक न्यायसंगत ठहराना पड़ता है एवं वह मांग किये गये धन को क्यों व्यय करेगा, इसके औचित्य को भी सिद्ध करने का भार प्रत्येक प्रबन्धक पर डाल दिया… Read More »

वित्तीय प्रशासन का अर्थ, प्रकृति, कार्यक्षेत्र उद्देश्य एवं महत्त्व

‘वित्तीय प्रशासन’ शब्द का प्रयोग व्यापक अर्थ में किया जाता है। इसमें वे सब प्रक्रियाए सम्मिलित वित्त प्रशासन : अर्थ प्रकृति एवं कार्यक्षेत्र की जाती हैं जो कि निम्न कार्यों को सम्पन्न करने में उत्पन्न होती है: “सरकारी धन के संग्रह, बजट-निर्माण, विनियोजन तथा व्यय करने में, आय तथा व्यय, और प्राप्तियों एवं संवितरणों का… Read More »

विक्रय बजट क्या है?

कार्यानुसार बजट, वह बजट है जो किसी व्यवसाय के एक विशेष कार्य से सम्बन्धित होता है, जैसे उत्पादन बजट, विक्रय बजट आदि। कार्यानुसार बजट प्रत्येक कार्य के आधार पर तैयार किये जाते हैं। इसके पश्चात् सभी बजटों का समन्वय करके मास्टर बजट तैयार किया जाता है। विक्रय बजट, बजट अवधि की कुल बिक्री की भविष्यवाणी… Read More »

बजट का अर्थ, परिभाषा स्वरूप, एवं सिद्धांत

‘बजट’ शब्द फ्रांसीसी भाषा के शब्द ‘बूजट’ (Bougette) से लिया गया है, जिसका अर्थ है चमड़े का बैग या थैला। आधुनिक अर्थ में इस शब्द का प्रयोग सबसे पहले इंग्लैण्ड में 1733 ई0 में किया गया जबकि वित्तमंत्री ने अपनी वित्तीय योजना को लोकसभा के सम्मुख प्रस्तुत किया तो पहली बार व्यंग के रूप में… Read More »

शून्य आधारित बजट क्या है?

जैसा कि आपको इस अवधारणा के नाम से ही स्पष्ट है कि इस बजट के अन्तर्गत कोई पूर्व निर्धारित आधार नहीं होता है। अत: इस बजट के निर्माण के लिए पूर्ववर्ती मदों को शून्य मान लिया जाता है। अर्थात् इस बजट का निर्माण बिना किसी आधार के किया जाता है। यह बजट पूर्ण रूप से… Read More »

परम्परागत बजटिंग क्या है?

सामान्यत: दी जाने वाली सार्वजनिक बजटिंग की अवधारणा को परम्परागत बजटिंग से ही सम्बन्धित किया जाता रहा है। आपको यहाँ यह समझने में आसानी होगी कि परम्परागत बजटिंग के अन्तर्गत उन विधियों, व्ययों तथा मदों को सामान्य रूप से शामिल किया जाता है जिन्हें विगत वर्षों या समयावधियों में महत्व दिया जाता रहा है। इस… Read More »