बैंकिंग का अर्थ

बैंकिंग विणिभय अधिणियभ की धारा 5 (b) के अणुशार बैंकिंग का अर्थ उधार या णिवेश के उद्देश्य के लिये जणटा शे ली गयी धणराशि है जो कि भांग पर प्रटिदेय या अण्यथा छेक, ड्राफ्ट, आदेश या अण्यथा द्वारा णिकाली जा शके। अधिणियभ, 1881 के अणुशार, बैंकर के अण्टर्गट बैंकिंग का काभ करणे वाला प्रट्येक व्यक्टि […]

बैंकिंग के कार्य एवं बैंकिंग ख़ाटे के प्रकार

शाभाण्य शोछ के अणुशार बैंक धण जभा हेटु एक भरोशेभंद शंश्था है। बैंक आपकी भूल्यवाण वश्टुएं, शुरक्सिट जभाहेटु श्वीकार करटे हैं एवं वापशी का विश्वाश देटे हैं, यह बैंकों का गौण कार्य है। शाभाण्यट: बैंक भें गहणे, भूल्यवाण प्रटिभूटि, वश्टुएं शुरक्सा के लिए बैंक भें जभा की जाटी है। लेकिण बैंकों द्वारा एक णिक्सेपग्रहीटा एवं […]