Category Archives: मनोवैज्ञानिक परीक्षण

निष्पत्ति परीक्षण का मापन, उपयोग एवं प्रकार

शैक्षिक मापन में निष्पत्ति परीक्षणों का विशेष महत्व है, निष्पत्ति परीक्षणों का प्रयोग सभी प्रकार की शैक्षिक संस्थाओं में किया जाता है। निष्पत्ति परीक्षणों के द्वारा यह मापन किया जाता है कि छात्रों ने कक्षा में पढ़ाये गये विषयों की पाठ्यवस्तु के सम्बन्ध में कितना सीखा है। इस प्रकार के परीक्षणों में सम्पूर्ण पाठ्यवस्तु पर… Read More »

निदानात्मक परीक्षण का अर्थ, विधियाँ, प्रकार, गुण तथा दोष

निष्पत्ति परीक्षणों द्वारा बालक की शैक्षिक योग्यताओं का मापन किया जाता है, सरल शब्दों में इसका अर्थ यह हुआ कि छात्र ने किसी विषय से सम्बन्धित पाठ्यवस्तु को कितना सीख लिया है। उसे निष्पत्ति (उपलब्धि) कहते हैं। इस प्रकार निष्पत्ति परीक्षणों द्वारा यह विदित होता है कि छात्र ने कितना सीखा है। इन परीक्षणों से… Read More »

मनोवैज्ञानिक परीक्षण के प्रकार

क्या आप जानते हैं कि मनोवैज्ञानिक परीक्षण कितने प्रकार के होते हैं?  मनोवैज्ञानिक परीक्षण एक मानवीकृत यन्त्र होता है, जिसमें प्रश्नों अथवा चित्रों या अन्य माध्यमों के द्वारा मनुष्य की विभिन्न मानसिक योग्यताओं जैसे कि बुद्धि, समायोजन क्षमता, स्मृति, अभिवृत्ति, अभिरूचि इत्यादि का मात्रात्मक मापन किया जाता है। कहने का आशय यह है कि मनोवैज्ञानिक… Read More »

मनोवैज्ञानिक परीक्षण का अर्थ, परिभाषा, उद्देश्य एवं विशेषताएं

मनोवैज्ञानिक परीक्षण से क्या अभिप्राय है ? यदि सामान्य बोलचाल की भाषा में प्रश्न का उत्तर दिया जाये तो कहा जा सकता है कि मनोवैज्ञानिक परीक्षण व्यावहारिक रूप से किसी व्यक्ति का अध्ययन करने की एक ऐसी व्यवस्थित विधि है, जिसके माध्यम से किसी प्राणी को समझा जा सकता है, उसके बारे में निर्णय लिया… Read More »

मनोवैज्ञानिक परीक्षण क्या है?

यदि सामान्य बोलचाल की भाषा में प्रश्न का उत्तर दिया जाये तो कहा जा सकता है कि मनोवैज्ञानिक परीक्षण व्यावहारिक रूप से किसी व्यक्ति का अध्ययन करने की एक ऐसी व्यवस्थित विधि है, जिसके माध्यम से किसी प्राणी को समझा जा सकता है, उसके बारे में निर्णय लिया जा सकता है, उसके बारे में निर्णय… Read More »