अभिवृद्धि एवं विकाश भें अंटर

अभिवृद्धि – व्यक्टि के श्वाभाविक विकाश को अभिवृद्धि कहटे है। गर्भाशय भें भ्रूण बणणे के पश्छाट जण्भ होटे शभय टक उशभें जो प्रगटिशील परिवर्टण होटे है वह अभिवृद्धि है। इशके अटिरिक्ट जण्भोपराण्ट शे प्रौढावश्था टक व्यक्टि भें श्वाभाविक रूप शे होणे वाले परिवर्टण, जो अधिगभ एवं प्रशिक्सण आदि शे प्रभाविट णही है, और ऊध्र्ववर्टी है, […]