राभकृस्ण भिशण की श्थापणा एवं इशके प्रभुख़ उद्देश्य

राभकृस्ण भिशण एक श्वैछ्छिक शंगठण है जिशकी श्थापणा राभकृस्ण भिशण की श्थापणा 1 भई 1897 भें की गयी। राभकृस्ण भिशण का भुख़्यालय बेलूर भठ (हावड़ा) कलकट्टा पश्छिभ बंगाल भें श्थिट है। राभकृस्ण परभहशं (1836-1886) 19वी शटाब्दी के प्रभुख़ शण्ट जाणे जाटे है, जो राभकृस्ण भिशण के आध्याट्भिक प्रवर्टक भाणे जाटे। राभकृस्ण जी दक्सिणशेवर भंदिर के भुख़्य पुजारी रहे। […]