समाज कल्याण प्रशासन क्या है?

सामाजिक सेवाओं से सम्बन्धित विभिन्न समान अथ्री शब्दों जैसे सामाजिक प्रशासन, समाज सेवा प्रशासन, सामाजिक सुरक्षा प्रशासन, कल्याण प्रशासन, लोक कल्याण प्रशासन, सामाजिक संस्था प्रशासन के कारण समाज कल्याण प्रशासन के वास्तविक अर्थ के सम्बन्ध भ्रम की स्थिति उत्पन्न होती हैए परन्तु वास्तव में समाज कल्याण प्रशासन उस क्रियाविधि को कहते है जिसके द्वारा सामाजिक […]

हिन्दू धर्म के 16 संस्कार

हिन्दू धर्म के 16 संस्कार – (1) गर्भाधान संस्कार (2)  पुंसवन संस्कार (3) सीमन्तोनयन संस्कार (4) जातकर्म संस्कार (5) नामकरण (6) संस्कार निष्क्रमण (7) अन्नप्राशन मुण्डन संस्कार या (8) चूडाकर्म संस्कार (9) उपनयन संस्कार (10) वेदारम्भ संस्कार (11) केशान्त संस्कार (12) समावर्तन संस्कार (13) विवाह संस्कार (14) वानप्रस्थ संस्कार (15) संन्यास संस्कार (16) अन्त्येाष्टि संस्कार संस्कार का अर्थ संस्कार शब्द सम् उपसर्ग पूर्वक कृ धातु से घ´ प्रत्यय ओर सुट् […]

संत शब्द का अर्थ और परिभाषा

सामान्यत: ‘संत’ शब्द का प्रयोग प्राय बुद्धिमान, पवित्रात्मा, सज्जन, परोपकारी, सदाचारी आदि के लिए प्रयोग किया जाता है। कभी-कभी साधारण बालेचाल में इसे भक्त, साधु या महात्मा जैसे शब्दों का भी पर्याय समझ लिया जाता है। जहाँ तक ‘सतं’ शब्द के शाब्दिक निर्वचन का प्रश्न है उस संदर्भ में संस्कृत के शब्द ‘सन्त:’ से निर्मित […]

संगठन क्या है? परिभाषा, विशेषताएँ

संगठन के आशय व्यक्तियों के ऐसे समूह से है जो अपने उद्देश्यों की पूर्ति हेतु संगठन के संसाधनों एवं मानवीय प्रयासों में एक ऐसा सम्बन्ध स्थापित करता है। ‘‘संगठन व्यक्तियों का एक समूह या तंत्र है जो एक व्यक्ति के नेतृत्व में पूर्व निश्चित उद्देश्यों की प्राप्ति के लिए मिलकर समन्वित रूप से कार्य करते […]

लेनिन का जीवन परिचय एवं महत्वपूर्ण रचनाएं

लेनिन का जीवन परिचय व्लादीमीर इलिच लेनिन का जन्म 9 अप्रैल, 1870 को रुस के यूलियानोवस्क नामक स्थान पर एक मध्यमवर्गीय सरकारी निरीक्षक के घर हुआ। लेनिन का पूरा नाम व्लादीमीर इलचि उल्यानोव था। जब वे निर्वासित होकर साबबेरिया में लेना नदी के किनारे रहने लगे तो उनका नाम लेनिन पड़ गया। लेनिन के पांच भाई-बहन […]

व्यक्तित्व का अर्थ, परिभाषा, प्रकार एवं सिद्धांत

व्यक्तित्व का अर्थ व्यक्तित्व का अंग्रेजी अनुवाद ‘Personality’ है जो लैटिन शब्द Persona से बना है तथा जिसका अर्थ मुखौटा होता है, जिसे नाटक करते समय कलाकारों द्वारा पहना जाता था। इस शाब्दिक अर्थ को ध्यान में रखते हुए व्यक्तित्व को बाहरी वेशभूषा और और दिखावे के आधार पर परिभाषित किया गया है। इसे मनोवैज्ञानिकों द्वारा अवैज्ञानिक […]

वेदान्त दर्शन क्या है?

वेदान्त दर्शन क्या है? वेदान्त दर्शन उपनिषद वैदिक साहित्य का अन्तिम भाग है इसलिए इसे वेदान्त कहते हैं वेदान्त का शाब्दिक अर्थ है- वेदों का अन्त (अथवा सार) वेदान्त ज्ञानयोग की शाखा है इसका मुख्य श्रोत उपनिषद हैं जो वेद ग्रन्थों का सार समझे जाते हैं । यह महर्शि वेदव्यास रचित है। महर्षि व्यास के […]

वाष्पीकरण क्या है?

वाष्पीकरण क्या है? पृथ्वी के सभी जलीय भागा,ें जैसे समद्रु , झील तालाब, नदी आदि से हर तापमान पर वाष्पीकरण होता रहता है। जल के तरल से गैसीय अवस्था में परिवतिर्त होने की प्रक्रिया को वाष्पीकरण कहते हैं। एक ग्राम जल को जलवाष्प में परिवतिर्त करने के लिए लगभग 600 कैलोरी ऊर्जा का प्रयोग होता […]

लाभांश के प्रकार

लाभांश नीतियों में लाभांश के प्रकारों को महत्वपूर्ण स्थान प्रदान करती है। कम्पनी विभिन्न प्रकार के लाभांश का वितरण कर अंशधारियों को कम्पनी के ्प्रति निष्ठावान होने के लिए प्रेरित करती है। इसमें विभिन्न प्रकार के लाभांशों का वर्णन किया जा रहा है। जो कम्पनी की लाभांश नीतियों को प्रभावित करते हैं। और कम्पनी अपने […]

लगान का अर्थ, परिभाषा, प्रकार एवं सिद्धान्त

लगान का अर्थ लगान शब्द का प्रयोग उत्पादन के उन साधनों को दिए जाने वाले भुगतान के लिए किया जाता है जिनकी पूर्ति अपूर्ण लोचदार होती है। इस सम्बन्ध में प्रमुख उदाहरण भूमि का दिया जाता है। जबकि साधारण बोलचाल की भाषा में लगान या किराया शब्द का प्रयोग उस भुगतान के लिए किया जाता […]